कमलनाथ मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री पद की कमान संभालने जा रहे हैं. प्रदेश की सत्ता के सर्वोच्च शिखर पर काबिज़ होने जा रहे कमलनाथ को पूर्व प्रधानमंत्री ने एक वक्त में अपना तीसरा बेटा कहा था. कमलनाथ के इस लंबे सफ़र तय करने में इंदिरा गांधी के तीसरे बेटे वाले बयान ने कहीं न कहीं बड़ी भूमिका निभाई है. इंदिरा गांधी के बेटे स्वर्गीय संजय गांधी किसी ज़माने में कमलनाथ के स्कूल के दोस्त हुआ करते थे. संजय गांधी के संपर्क में आने के बाद कमलनाथ का रुख राजनीति की तरफ मुड़ा. उसके बाद साल 1979 में पूर्व प्रधानमंत्री मोरारजी देसाई की जब सरकार थी उस वक्त उनके खिलाफ कमलनाथ ने इंदिरा गांधी की मदद की थी, जिसके बाद 1980 में कमलनाथ को छिंदवाड़ा से कांग्रेस ने लोकसभा का टिकट दिया और इसी के साथ उनके राजनीतिक करियर ने रफ्तार पकड़ी. साल 1980 में कमलनाथ का चुनाव प्रचार करने इंदिरा गांधी छिंदवाड़ा पहुंची और जनसभा को संबोधित करते हुए इंदिरा गांधी ने कहा कि कमलनाथ उनके तीसरे बेटे हैं और इन्हें जीत दिलाएं. इसी के बाद कमलनाथ 1980 में पहली बार लोकसभा सांसद बने. तब से लेकर अब तक वो नौ बार सांसद रह चुके हैं.from Latest News मध्य प्रदेश News18 हिंदी https://ift.tt/2GhTqn0
ConversionConversion EmoticonEmoticon